tag:blogger.com,1999:blog-1791661064823014117.post4648470587084351154..comments2007-11-11T21:51:44.025-08:00Comments on हफ़्तावार: बिदुरजी नहीं रहेराकेशhttp://www.blogger.com/profile/09355343165726493984noreply@blogger.comBlogger4125tag:blogger.com,1999:blog-1791661064823014117.post-42994430560378497982007-11-11T21:51:00.000-08:002007-11-11T21:51:00.000-08:00मित्रों उम्मीद है आपकी दिवाली अच्छी रही होगी. मैं ...मित्रों उम्मीद है आपकी दिवाली अच्छी रही होगी. मैं दो-तीन दिनों के लिए इस जालीय दुनिया से बाहर था इसलिए समय पर आपसे रू-ब-रू नहीं हो पाया.<BR/><BR/>बिल्कुल अमर भाई, समय-समय पर मैं लिखता रहूंगा अपने गांव-समाज के बारे में. मेरी कोशिश है कि इस चमक-दमक भरी दुनिया में जो चीज़ें छूट रही हैं या छोड़ दी जा रही हैं उन्हें आपके सामने लाउं. शहरों पर भी लिखुंगा.<BR/><BR/>विनीत भाई, डरिये मत. हिन्दूवादी कट्टर पार्टियां देश की जनता को ग्रामीण जनता नहीं पुरातन जनता बनाना चाह रही हैं. विवेकहीन और अंधविश्वासी बनाना चाह रही है ताकि पाखंड और आडंबर पर वे अपनी सत्ता पर खड़ा कर सकें. आगे कभी बताउंगा कि कैसे कई मौकों पर ऐसी कोशिशों का हमारी ग्रामीण जनता ने मुंहतोड़ ज़वाब दिया.<BR/><BR/>समीर भाई आपसे बड़ी प्रेरणा मिलती है. आपकी बातें हमें बार-बार विषय चयन और लेखन में हमारी मदद करते हैं. शुक्रिया आपका. मार्गदर्शन करते रहिएगा.राकेशhttp://www.blogger.com/profile/09355343165726493984noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-1791661064823014117.post-89003739468424277402007-11-08T08:12:00.000-08:002007-11-08T08:12:00.000-08:00चनेसर बाबा की आत्मा की शांति के लिये प्रार्थना करत...चनेसर बाबा की आत्मा की शांति के लिये प्रार्थना करते हैं. बहुत शिद्दत से आपने उनके साथ पूरे गाँव के दिन याद किये. पढ़कर लगता रहा मैं भी आप संग डेरा पर, फिर डेरा से गाँव..घूम रहा हूँ. जीवंत चित्रण है, राकेश भाई.<BR/><BR/>जब भी आपको पढ़ो, आनन्द आ जाता है.<BR/><BR/>आप एवं आपके परिवार को दीपावली की शुभकामनाएं।Udan Tashtarihttp://www.blogger.com/profile/06057252073193171933noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-1791661064823014117.post-16354120647316846042007-11-08T03:51:00.000-08:002007-11-08T03:51:00.000-08:00अपनी तरफ एक कहावत है, सारी खुदाई एक तरफ और जोरु का...अपनी तरफ एक कहावत है, सारी खुदाई एक तरफ और जोरु का भाई एक तरफ। सारी दुनिया मार मॉल और मल्टीप्लेक्स में विचर रही है और आप हैं कि बार-बार दिल्ली में रहकर भी गांव ठेले जा रहे हैं। इरादा बहुत खतरनाक है सरजी। कहीं आप भी हिन्दूवादी कट्टर पार्टियों की तरह देश की जनता को ग्रामीण जनता में कन्वर्ट कर देने के चक्कर में तो नहीं हैं।विनीत कुमारhttp://www.blogger.com/profile/09398848720758429099noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-1791661064823014117.post-37565765709061389412007-11-08T03:23:00.000-08:002007-11-08T03:23:00.000-08:00kaffi accha likha hai aapne,apne gawn ke bare me ,...kaffi accha likha hai aapne,apne gawn ke bare me ,,,aur woh aapke gawn ke kuch kirdar ke naam ..<BR/>"HITLER","BIDUR" they r Intresting...<BR/>Good Work ....Keep writing..waiting for your articles..alwaysAmar Rathodehttp://www.blogger.com/profile/14493739526034151612noreply@blogger.com