Wednesday, April 30, 2008

मल्लिका पुखराज के एक प्रसिद्ध्‍ गीत के साथ ....

दोस्तों बंटवारे के दौरान जिन मल्लिका पुखराज ने पाकिस्तान चुना, आज भी उनका प्रसिद्ध गीत 'अभी तो मैं जवान हूं ...' अकसर गुनगुनाने लगते हैं. देखिए पाकिस्तान में ही उनके गीत के साथ क्या हो रहा है.


Embedded Video

Blogged with the Flock Browser

Thursday, April 24, 2008

तू गंगा की मौज मैं यमुना की धारा ....

यू ट्यूब से ही एक और पसंदीदा गीत. याद है मारवाड़ी हाई स्कूल में 1988 में दिखलायी गयी थी फिल्म बैजू बावरा. पहली बार देखा था टीन की पेटी में नाग की तरह कुंडली मारे फिल्म के रिल. हमारे क्लास के साथ वाले हॉल में प्रॉजेक्टर के सहारे दीवार पर 'बैजू बावरा ' देखते हुए हम बहुत आश्चर्यचकित हो रहे थे. लीजिए शायद आप भी पुरानी यादें ताज़ा कर पाएं.


Embedded Video

Blogged with the Flock Browser

अंगुरी में डसरे पिया नगिनिया रे ....

बचपन में सुना करता था ये गीत अपने शहर में. अकसर बाज़ार आते जाते किसी न किसी पान-दुकान से लगे बांस के उंचे खंभे पर टंगे लाउड स्पीकर से ये गीत सुनने को मिल ही जाया करती थी. लीजिए वीडियो के साथ पेश है आपके लिए. यूं ही यूट्यूब पर मिल गया टहलते हुए.

Embedded Video

Blogged with the Flock Browser

ए गो चुम्मा बदे हम रहिला भूखाइल, हे भगवानजी बनवाई द मोबाइल

याद नहीं आ रहा है कि कहां सुना था पहली दफ़ा इस गीत. पर शायद पहली बार किसी भोजपुरी फिल्म में मोबाइल की ज़रूरत को रेखांकित किया गया है. 'मोरे पिया गए रंगून वहां से किया है टेलीफून ....' के बाद ऐसे किसी यंत्र की ज़रूरत पर इतने तर्क। मुझे अच्छा लगा, शायद आपको भी पसंद आए.

Embedded Video

Blogged with the Flock Browser